सुसाइड नोट में लिखा– सास, पति को माफ नहीं करूंगी:शादी के 7 महीने बाद ही लगाई फांसी; भाई बोला- ससुराल वाले आलू-प्याज तक मांगते थे

Dec 26, 2025 - 09:55
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सुसाइड नोट में लिखा– सास, पति को माफ नहीं करूंगी:शादी के 7 महीने बाद ही लगाई फांसी; भाई बोला- ससुराल वाले आलू-प्याज तक मांगते थे
मऊगंज में 24 साल की नवविवाहिता करुणा द्विवेदी ने फांसी लगा ली। 24 दिसंबर की सुबह घर के कमरे में उसका शव फंदे पर मिला। करुणा ने 10 पेज के सुसाइड नोट में पति और सास को मौत का जिम्मेदार ठहराया है। लिखा है- रोज-रोज की प्रताड़ना से परेशान हो चुकी हूं। मां, बेटे को कभी माफ नहीं करूंगी। करुणा की शादी 8 मई 2025 को बधैया भलुहा गांव के रहने वाले शिवम मिश्रा से हुई थी। दैनिक भास्कर ने करुणा के भाई कुलदीप से बात की। उसने कहा- शादी के 15 दिन बाद ही ससुराल वाले दहेज को लेकर परेशान करने लगे थे। यहां तक कि आलू प्याज की भी डिमांड करते थे। एक महीने पहले ही करुणा मायके आई थी, उसने कहा था कि अब वापस नहीं जाऊंगी। जिसे सुख-दुख का साथी माना, उसी ने धोखा दिया करुणा ने सुसाइड नोट में लिखा- मैंने आज खुद को खत्म करने का सोचा है। पहले भी कई बार कोशिश की, लेकिन नहीं हो सका। मैं अपना दुख किसी को बताना चाहती थी, लेकिन क्या करूं आपबीती सुनाने के लिए कोई मिला ही नहीं। पति को सुख–दुख का साथी माना था, लेकिन अफसोस उसी ने मजाक बना दिया। समझ आया कि संत महात्मा क्यों कहते हैं कि कोई अपना नहीं होता। कोई रिश्ता–नाता नहीं होता, लेकिन फिर यह क्यों कहते हैं कि पति परमेश्वर होता है। जब पति कुछ न समझे, अपनापन न दिखाए, सिर्फ अपना सुख देखे...बात-बात पर झगड़ा करे, गाली दे तो फिर उस पति को क्या कहते हैं? ऐसे में पत्नी को कहां जाना चाहिए? क्या करना चाहिए? क्या सुसाइड ही बेस्ट ऑप्शन है? मैं पूछती हूं, क्यों मुझे हर जगह गलत ठहराया गया? पति मुझसे कहते हैं कि तुम्हारे अंदर अकड़ बहुत है। तुमने मां–बेटे को अलग किया। चूल्हा बंटवा दिया। तुम जैसी लड़कियों को शादी नहीं करनी चाहिए। क्या मैं सच में बहुत बुरी हूं? मैं पूछती हूं कि कब मैंने मां–बेटे को अलग करने की कोशिश की? इतना परेशान किया कि जीने के लिए कुछ नहीं बचा सुसाइड नोट में लिखा है- आपने मुझे इतना ज्यादा परेशान कर दिया कि मैं पागल हो गई हूं। जीने के लिए कुछ बचा ही नहीं। दिनभर टॉर्चर कर-करके दिमाग में भर दिया है कि मैं अब किसी काम की नहीं रही। आपको टाइम नहीं है मुझसे बात करने का, हाल-चाल पूछने का। अगर लड़ाई करनी हो, तो सारा दिन फोन लगाकर लड़ाई करते हैं, टॉर्चर करते हैं। आपसे शादी करके मैं क्या, कोई भी लड़की जान दे देगी। इतने घटिया किस्म के पति हैं कि क्या बताऊं। ऐसा लगता है कि जैसे सपना देख रही हूं। हर सुबह सोचती हूं कि शायद सब कुछ ठीक हो जाए, लेकिन ऐसा होने से रहा। कुछ सास होती हैं, जिनको बहू से नफरत होती है। वही है मेरी सास। जिंदगी बर्बाद कर दी। मैं दोनों मां बेटे को माफ नहीं करूंगी। मुझे जितना मारा-पीटा है, गाली दी है, उसका फल मिलेगा। सास कहती है- इससे शादी करके गलती कर दी करुणा ने सुसाइड नोट में लिखा है- ऐसे शब्द बोलते हैं, जो औरत को वैवाहिक जीवन में कभी सुनने को न मिलें। सास कहती हैं कि इससे शादी करके गलती की। रतनगवां वाली लड़की से करते। उसके भाई सब काम कर देते। उसके यहां से सामान भी बहुत आता। क्या हमने मना किया था? उस लड़की की शादी दिसंबर 2024 में हुई थी, तब तो हम लोग किसी को जानते नहीं थे। लड़की वाले 10 जगह ढूंढते हैं, तो हमारे यहां भी देखने गए थे, नहीं करते आप। अब कहते हैं कि तुम्हारा भाई शादी के लिए भीख मांग रहा था। तुम लोग गरीब हो, चेन नहीं दे पाए, अंगूठी ठीक नहीं थी। क्या किसी को इतना टॉर्चर करना चाहिए कि सामने वाला अपने आप को खत्म कर ले? अब तक मुझे न जाने कितनी बार तलाक के लिए कहा। न जाने कितनी बार मुझे पीटा। गाली तो हर वक्त देते रहते हैं। पति ने बाहर निकाल दिया, दिनभर भूखी रही करुणा ने लिखा है- ससुराल वाले कहते हैं कि क्या लाई हो मायके से। गरीब घर की लड़की लाए। अनाथ की लड़की से शादी किए हैं। क्या मैं अनाथ हूं? ऐसा था, तो शादी क्यों की? क्या उस बात के लिए रोज प्रताड़ित करना चाहिए। मैंने पैर पकड़कर माफी मांगी, लेकिन पति ने इतनी जोर से चार थप्पड़ मारे कि कान में पहनी बाली अलग हो गई। उस दिन से कान में दर्द रहने लगा। फिर भी सोचा, इंसान धीरे-धीरे बदल जाएगा, लेकिन मैं गलत थी। यह इंसान कभी नहीं बदल सकता। इनको खुद से मतलब है। मैं मर भी जाऊंगी, तो भी उसे माफ नहीं करूंगी। 12 नवंबर को मेरा पेपर था। वह पेपर दिलाने गए थे, फिर रास्ते में लड़ाई कर ली। पैसा नहीं मिला तो मेरी जिंदगी नर्क बना दी करुणा ने सुसाइड नोट में आगे लिखा है- मेरे अंदर अब सहने की शक्ति नहीं रही। सब लोग कहते हैं कि पति को ऑर्डर नहीं, रिक्वेस्ट करो। उससे भीख मांगो, तब मिलता है, लेकिन मुझे भीख मंजूर नहीं। इस मारपीट, गाली और भीख मांगने की नौबत से तो छुटकारा पा ही जाऊंगी। चाहे कीड़ा-मकोड़ा कुछ भी बनूं, लेकिन मुझे यह शरीर पसंद नहीं। ऐसी घटिया सोच वाले इंसान के साथ नहीं रह सकती। आपको पैसा चाहिए था, जो मिला नहीं, इसलिए मेरी जिंदगी नर्क बना दी। मैं वो नहीं जो किसी को नुकसान पहुंचाए, इसलिए इस दर्द से खुद को बचाने के लिए यहीं सफर खत्म करना चाहती हूं। अपना तलाक किसी और के लिए बचाकर रखें, क्योंकि हो सकता है कि दूसरी समझदार निकले। सुसाइड के सिवा कुछ सही नहीं लग रहा एक दिन सास मुझे पति के कमरे से उठाकर ले गई। कहा कि तुम उसके साथ नहीं सोओगी। तब मैं समझ गई कि वह दोनों को अलग करना चाहती हैं। इसके बाद मैंने मायके आने का फैसला किया। घर आने के बाद किसी ने एक शब्द बात नहीं की। फिर भी मैंने पति को मैसेज किया। उन्होंने स्क्रीनशॉट लेकर पिता और दादी को भेजा। मैंने दर्द पति को सुनाया तो उन्होंने दीदी और पिताजी को दिखाया। यह है उनकी जिंदगी में मेरी औकात। जिंदगी इतनी तंग आ गई कि सुसाइड के सिवा कुछ सही नहीं लग रहा। पति को सिर्फ शारीरिक सुख से मतलब सुसाइड नोट में करुणा ने लिखा है- पति को सिर्फ शारीरिक सुख से मतलब है। वह यह देख नहीं सकते कि पत्नी बीमार है। खुश है या नहीं है। अगर मना कर दिया, तो फिर झगड़ा और मारपीट। इसे प्यार कहते हैं क्या? मैं इस व्यक्ति को माफ नहीं करूंगी। दूसरी लड़कियों से संपर्क रखने वाला बीवी को खुश नहीं रख सकेगा, चाहे कोई भी हो। भाई ने कहा- खेत बेचकर की थी शादी करुणा के भाई कुलदीप द्विवेदी ने कहा- हम मोमोज बेचने का काम करते हैं। खेती-किसानी भी है। 23 दिसंबर की रात दुकान बंद करके घर आया, तो बहन सो रही थी। मैंने उसे जगाया और सभी ने बैठकर खाना खाया। रात करीब 9 बजे परिवार के सभी लोग सो गए। अगली सुबह यानी 24 दिसंबर को मां ने उठकर देखा, तो करुणा कमरे में नहीं थी। आवाज भी लगाई, लेकिन पता नहीं चला। दूसरे कमरे में उसे फंदे पर लटके देखा। मां की चीख निकल गई। शोर सुनकर घर के लोग जाग गए। कुलदीप ने कहा- उसकी ससुराल वाले अक्सर मारपीट करते थे। करुणा की सास भी बोलती थी कि 20 लड़कियां रिजेक्ट की हैं, तुमको भी रिजेक्ट कर देंगे। सामान कुछ साथ में नहीं लाई हो। यहां तक कि आलू प्याज की भी डिमांड करते थे। 14 नवंबर को वह मायके आई थी। उसने कहा था कि पति और सास मिलकर उसे मारते-पीटते हैं। अब वहां नहीं जाएगी। हमें लगा कि कुछ दिन यहां रहने से हालात सुधर जाएंगे, लेकिन ऐसा नहीं हुआ। टीआई बोले- जांच के बाद वैधानिक कार्रवाई करेंगे हनुमना थाना प्रभारी अनिल काकडे ने कहा- प्रथम दृष्टया सुसाइड का मामला है। सुसाइड नोट की भी जांच की जा रही है। फिलहाल कारण स्पष्ट नहीं है। मामले की जांच एसडीओपी मऊगंज शचि पाठक कर रही हैं। इसके बाद ही वैधानिक कार्रवाई की जाएगी। ये खबर भी पढ़ें... कर्नाटक राज्यपाल के पोते पर दहेज प्रताड़ना का आरोप कर्नाटक के राज्यपाल थावरचंद गेहलोत के पोते देवेंद्र गेहलोत की पत्नी दिव्या गेहलोत ने ससुराल पक्ष पर गंभीर आरोप लगाए हैं। उन्होंने रतलाम एसपी अमित कुमार को शिकायत सौंपकर दहेज प्रताड़ना, मारपीट, छत से धक्का देकर गिराने और जान से मारने की धमकी देने का आरोप लगाया है।​​​​​ ​​पढ़ें पूरी खबर...

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